कुल्लू टुडे
कुल्लू
हाल ही में आई भीषण बाढ़ और प्राकृतिक आपदाओं के बाद भविष्य में नुकसान को रोकने के लिए व्यापक स्तर पर सुरक्षा कार्य शुरू कर दिए गए हैं।
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) और राज्य सरकार के निर्देशों के तहत नदी किनारे तटबंधों (इम्बैंकमेंट) और NHAI राजमार्गों की सुरक्षा के लिए ‘रिटेनिंग वॉल’ (सुरक्षा दीवार) का निर्माण कार्य किया जा रहा है।
साइट पर तैनात स्ट्रक्चरल इंजीनियर (गोरखपुर, उत्तर प्रदेश निवासी) ने बताया कि बाढ़ के दौरान नदियों के बढ़ते जलस्तर से राजमार्गों और तटवर्ती इलाकों को काफी नुकसान पहुंचा था।
इस समस्या से निपटने और भविष्य में सड़कों को बहने से बचाने के लिए ‘गणेश बिल्डर्स’ कंपनी द्वारा यह निर्माण कार्य किया जा रहा है।
अगले मानसून से पहले पूरा होगा कार्य
इंजीनियर के अनुसार, कुल्लू से लेकर मनाली तक नदी किनारे सुरक्षा दीवार और पिचिंग/ड्रेसिंग का काम तेजी से किया जा रहा है। क्षेत्र में भारी मशीनें (जैसे जेसीबी/एक्स्कवेटर) लगाकर काम को गति दी जा रही है।
उन्होंने बताया कि इस वर्ष क्षेत्र में तुलनात्मक रूप से कम बारिश हुई है, लेकिन अगले मानसून में बाढ़ के संभावित खतरे को देखते हुए, आगामी बारिश के मौसम से पहले इस प्रोजेक्ट को पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
इसका मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय राजमार्ग को सुरक्षित रखना और तटवर्ती इलाकों में संपत्ति के नुकसान को न्यूनतम करना है।
