कुल्लू टूडे
निरमंड
जिला कुल्लू के निरमंड खंड के पोषना पंचायत के चकलोट गांव से संबंध रखने वाले युवा कमलकांत राणा जिन्हें सोशल मीडिया पर राणा द वाइपर के नाम से जाना जाता है, जो की एक फिटनेस यूट्यूबर है, और हिमाचल प्रदेश के पहले घरेलू जिम के संस्थापक भी है।
हिमाचल की पहाड़ियों में बर्फ़ के बीच हिन्दुस्तान की पुरानी मार्शल आर्ट कलारिपायट्टू की कुछ योगिक क्रियाएं व एक्सरसाइज करके युवाओं को नशे से दूर व फिटनेस की ओर आगे आने को दिया संदेश दिया।
राणा एक घंटा तीस मिनट तक बर्फ़ के बीच रहे जोकि उनके यूटयूब चैनल राणा द वाइपर पर देखी जा सकती है।
राणा बॉलीवुड एक्टर विद्युत् जामवाल को अपना आदर्श मानते है।भारत में विद्युत् के बाद यह दूसरा रिकॉर्ड है।
विद्युत ने बर्फ़ में तीन घंटे तक इस तरह की क्रिया की थी। जोकि हिमाचल के लिए गर्व की बात है।
साथ ही साथ तिरंगे के साथ व जय श्री राम के झण्डे के साथ युवाओं को नशे से दूर व अपनी संकृति, अच्छी सकारात्मक दिशा की ओर जागरूक के रहे हैं।
कलरीपयट्टु विश्व की सभी मार्शल आर्ट की जननी है।
हिमाचल प्रदेश के पहले घरेलू जिम के संस्थापक व पहले फिटनेस यूट्यूबर राणा द वाइपर जोकि इस युद्ध कला को पिछले काफी वर्षों से सीख रहे है।
कलरीपायट्टु को दुनिया की सबसे पुरानी मार्शल आर्ट तकनीक माना जाता है। इस कला की उत्पत्ति दक्षिण भारत के केरल राज्य में हुई।
मान्यता है कि कलरीपायट्टु को स्वयं भगवान शिव ने बनाया और इस कला का ज्ञान उन्होंने सप्तऋषि अगस्त्य को दिया जिन्होंने इस कला की मदद से दक्षिणी कलरीपायपट्टु का विकास किया। इसी विद्या को आज के युग में मार्शल आर्ट के नाम से जाना जाता है।
यह कला सिर्फ व्यायाम और शारीरिक चुस्ती फुर्ती तक ही सीमित नहीं है, इसमें हमारा शरीर मानसिक रूप से भी फिट होता है।
