कुल्लू टूडे
चंबा
ज़िला के ऐतिहासिक मिंजर मेला की स्मारिका के प्रकाशन की रूपरेखा तय करने को लेकर उपायुक्त एवं अध्यक्ष मिंजर मेला आयोजन समिति डीसी राणा की अध्यक्षता में उपायुक्त कार्यालय के सभागार में बीते दिन मिंजर स्मारिका उप समिति की बैठक का आयोजन किया गया।
बैठक में उप समिति के सरकारी और गैर सरकारी सदस्यों ने हिस्सा लिया।
मिंजर स्मारिका के प्रकाशन की रूपरेखा तय करने को लेकर विभिन्न विषयों पर चर्चा के दौरान उपायुक्त ने कहा की चंबा ज़िला की समृद्ध लोक-कला एवं संस्कृति, गौरवशाली इतिहास और साहित्य, पर्यटन, स्वतंत्रता सेनानियों का योगदान व ज़िला की विकास यात्रा से संबंधित विषयों को स्मारिका का हिस्सा बनाया जाए।
उन्होंने यह निर्देश भी दिए कि मिंजर स्मारिका का ई-संस्करण तैयार किया जाए ताकि सोशल मीडिया के माध्यम से भी लोग समारिका पढ़ सके।
डीसी राणा ने कहा कि स्मारिका के प्रकाशन में ज़िला के सभी साहित्यकारों, युवा लेखकों की रचनाओं को आमंत्रित करने के लिए पत्र प्रेषित किया जाए।
उन्होंने कहा कि चूंकि ऐतिहासिक मिंजर ज़िला की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत का परिचायक है। ऐसे में ये भी सुनिश्चित किया जाए कि स्मारिका केवल विज्ञापन एकत्रित करने का साधन ना बने।
मिंजर समारिका का आवरण पृष्ठ तैयार करने को लेकर चर्चा के दौरान बैठक में यह निर्णय लिया गया कि ईमेल के माध्यम से 20 जून तक प्रारूप आमंत्रित किए जाएं।
मिंजर मेला के गौरव के अनुरूप व थीम विषय से संबंधित उत्कृष्ट प्रारूप को आवरण पृष्ठ के तौर पर स्मारिका का हिस्सा बनाया जाए । प्रारूप सहायक आयुक्त के ईमेल ac2dc-cha-hp@nic.in पर भेजी जा सकती हैं।
इसी तरह स्मारिका में प्रकाशन के लिए रचनाओं को ज़िला भाषा अधिकारी के ईमेल dlochamba@gmail.com पर भेजनी होंगी।
इस दौरान सहायक आयुक्त आबकारी एवं कराधान अनीता, ज़िला लोक संपर्क अधिकारी केसी चौहान, ज़िला राजस्व अधिकारी सुनील कैंथ, ज़िला भाषा अधिकारी तुकेश शर्मा, राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय चंबा से सहायक प्रोफेसर डॉ संतोष कुमार, गैर सरकारी सदस्य मेजर एससी नैयर, विवेक शर्मा उपस्थित रहे।
