कुल्लू टूडे
कुल्लू
जिला कुल्लू में लगातार हो रही भारी बारिश ने राजकीय प्राथमिक पाठशाला शोगी खंड कुल्लू 1 जिला कुल्लू स्थित प्राथमिक पाठशाला को संकट में डाल दिया है।
स्कूल भवन के पीछे हुए भूस्खलन से बड़े-बड़े पत्थर और भारी मलबा गिरा, जिससे भवन की एक दीवार क्षतिग्रस्त हो गई। हालात इतने खराब हैं कि कमरे के भीतर पानी और मलबा भर गया और कमरा दलदल में बदल गया!
भवन के सामने बने मैदान में भी गहरी दरारें पड़ गई हैं, जिससे पाठशाला भवन की नींव को खतरा पैदा हो गया है। सबसे बड़ा खतरा भवन के पीछे स्थित विशाल चट्टान है जो किसी भी समय खिसककर पूरे स्कूल पर गिर सकती है।
संकट की घड़ी में अभिभावक आगे आए
हालात की गंभीरता को देखते हुए अभिभावकों ने आपात बैठक बुलाई और तय किया कि जब तक सरकारी सहायता नहीं मिलती, वे खुद ही राहत कार्य करेंगे। इसके बाद अभिभावक पत्थरों को तोड़कर हटाने और मलबा साफ करने में जुट गए।
इस कार्य में पंचायत प्रधान भी अभिभावकों के साथ हाथ बंटा रही हैं। पिछले पाँच दिनों से जब भी बारिश रुकती है लगभग 15 से 18 अभिभावक पूरे दिन स्वेच्छा से इस कार्य में लगे रहते हैं।
अभिभावकों का कहना है कि जब तक स्थायी समाधान नहीं होता, वे अपनी मेहनत और एकजुटता से स्कूल को सुरक्षित बनाएंगे।
विभाग को दी गई जानकारी
पाठशाला मुख्याध्यापक ने बताया कि विभाग को पूरे मामले से अवगत करा दिया गया है। शीघ्र ही एसएमसी का प्रस्ताव, पटवारी की रिपोर्ट और फोटोग्राफ सहित विभाग को सौंपा जाएगा। जिला उप निदेशक ने भी जल्द ही मौके का दौरा करने का आश्वासन दिया है।
खंड प्रारंभिक शिक्षा अधिकारी डी आर आनंद का कहना है कि शोगी स्कूल की आपदा से हुई क्षति की सूचना विभाग को भेजी गई है
गौरतलब है कि बीते 18-19 अगस्त की भारी बारिश और बाढ़ से शोगी गाँव की मुख्य वाहन योग्य सड़क टूट गई है।
ऐसे में गाँव तक पहुँचने के लिए बजौरा से करीब 15 किलोमीटर लंबी और तीन घंटे की खड़ी पैदल चढ़ाई चढ़नी पड़ती है।
