कुल्लू टूडे
बिलासपुर/कश्मीर ठाकुर
सुक्खू सरकार की दूरगामी सोच पूर्व में रही सरकारों से भिन्न है यह बात शिमला निवासी सोशियल एक्टिविस्ट नागेंद्र गुप्ता ने मीडिया से रूबरू होते हुए कही।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू के सत्ता संभालते ही प्रथम फैसले सुख आश्रय योजना से प्रभावित हुए हैं। सत्ता संभालते ही उन अनाथ बच्चों को सरकार ही माता-पिता का मान सम्मान देकर गोद लिया है। इसके अलावा एकल महिलाओं को भी सहारा दिया है।
सोशियल एक्टिविस्ट नागेंद्र गुप्ता ने कहा पार्टी विचारधारा से हटकर कर सुक्खू सरकार के फैसले पूर्व में रही सरकारों के फैसलों की सोच से बहुत ऊपर है।
उनकी दूरदर्शिता सोच निश्चित तौर पर इस प्रदेश को शिखर पर ले जाएगी। ऐसी सोच ओपीएस, महिलाओं को 1500 रुपए, किसानों से गोबर खरीदना, 300 यूनिट बिजली फ्री करना जैसी गारंटियों के वायदों से बहुत ऊपर है।
यह गारंटियाँ तो किसी व्यक्ति को कम तो किसी को अधिक लाभ पहुंचाएगी चाहे वो आज पूरी हों या कल। अब सुक्खू सरकार की दूरदर्शी सोच से हर प्रदेशवासियों का भविष्य संवारना तय है।
उन्होंने बतौर सोशियल एक्टिविस्ट नगर निगम चुनावों के लिए अपना वोट दूरदर्शी सोच रखने वाली सुक्खू सरकार को देने का कदम उठाया है। वोट किसको देना यह न देना यह सब वोटर पर निर्भर करता है।
उन्होंने सभी वोटरों से अपना कीमती मत देने के लिए अपील की थी।अपना पार्षद चुनने में अहम भूमिका निभाएं। क्योंकि एक वोट सही में योग्य निगम पार्षद और शिमला निगम सदन को चुनने में निर्णायक की भूमिका निभाएगी।
