कुल्लू टूडे
बिलासपुर, कश्मीर ठाकुर
गर्मी में घुमारवीं की जनता बिजली की मार से बेहाल है। कहीं हाई वोल्टेज से उपकरण जल रहे हैं, तो कहीं कम वोल्टेज ने लोगों की रातों की नींद उड़ा दी है।
क्षेत्र में बिजली व्यवस्था की बदहाली को लेकर पूर्व खाद्य आपूर्ति मंत्री राजेंद्र गर्ग ने प्रदेश सरकार को कटघरे में खड़ा किया है।
उन्होंने आरोप लगाया कि घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र में बिजली आपूर्ति की हालत बेहद खराब है और कांग्रेस सरकार के पास इसे सुधारने की न तो नियत है, न ही कोई ठोस नीति। कांग्रेस सरकार बिजली व्यवस्था संभालने में पूरी तरह नाकाम रही है।
गर्ग ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के समय घुमारवीं में बिजली समस्या के स्थायी समाधान के लिए 33 केवी सब स्टेशन स्वीकृत किया गया था।
17 अगस्त 2022 को इसकी मंजूरी भी मिल गई थी और इसके लिए 64.84 करोड़ रूपये का बजट भी पास हो चुका था, लेकिन प्रदेश में सरकार बदलते ही इसका काम ठप्प पड़ गया।
प्रदेश की कांग्रेस सरकार तथा घुमारवीं से विधायक एवं सरकार में तकनीकी शिक्षा मंत्री इस ओर जरा भी ध्यान नहीं दे रहे हैं।
जिसके कारण लोगों की सुविधा के लिए बजट सहित स्वीकृत करवाया गया 33 केवी सब.स्टेशन अ़ढाई साल बाद भी स्थापित नहीं हो पाया। जिसका खामियाजा घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र की जनता को भुगतना पड़ रहा है।
गर्ग ने बताया कि घुमारवीं शहर में रोजाना अघोषित कट लग रहे हैं, जिससे दुकानदार और आम लोग परेशान हैं। कई पंचायतों लगातार लो वोल्टेज की समस्या बनी हुई है।
लोगों के बल्ब जुगनू की तरह चमक रहे हैं। जबकि कई पंचायतों में ये हालात हैं कि अचानक बिजली की वोल्टेज बढ़ने से लोगों के बिजली के उपकरण जल रहे हैं।
उन्होंने बताया कि लुहारवीं पंचायत के बलौर और मतवाणा में वोल्टेज अचानक बढ़ने से कई घरों के उपकरण जल गए।
जबकि कोठी पंचायत के भराड़ी गांव में तो लंबे समय से बिजली आपूर्ति की हालत खराब है। लोगों को इस समस्या से परेशान होना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि बिजली की इस आंख मिचैली से बच्चों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है और लोग गर्मी में परेशान हैं।
गर्ग ने कहा कि गर्मी के इस मौसम में बिजली की आंख मिचैली से जनता का जीना मुहाल हो गया है और विद्यार्थियों की पढ़ाई भी बुरी तरह प्रभावित हो रही है।
गर्ग ने सरकार से मांग की कि जल्द से जल्द इस दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंए वरना जनता के साथ सड़कों पर उतरने को मजबूर होना पड़ेगा।
