Spread the love

कुल्लू टूडे

बिलासपुर/कश्मीर ठाकुर

मानव सेवा ट्रस्ट सुंदरनगर के सौजन्य से घागस के देवली में चल रहे वृद्धाश्रम यानि अपना घर ने अपना ठिकाना बदल लिया है।

ट्रस्ट के संस्थापक एवं अधिवक्ता प्रकाश चंद बंसल ने यह जानकारी देते हुए बताया कि अब अपना घर का पता घागस ही में नेशनल हाइवे पर होटल नीलकंठ भवन होगा। जिसे किराए पर लिया गया है तथा अपना घर सदस्यों सहित शिफ्ट भी हो गया है। सभी सदस्य नए आशियाने में आकर प्रसन्न हैं।

प्रकाश चंद बंसल ने बताया कि अपना घर में 19 लोग एक परिवार की तरह रहते हैं करीब चार सालों से यह परिवार हंस खेल रहा है। दानी सज्जनों का सहयोग निरंतर मिल रहा है लेकिन सरकार की ओर से अभी तक कोई स्थायी मदद नहीं मिल पाई है।

वर्तमान सरकार की सुखाश्रम योजना का त्योहारों पर हल्का सा लाभ जरूर मिलता है लेकिन यह लंबे समय तक नहीं होता।

ट्रस्ट के प्रवक्ता विजय कुमार ने बताया कि औपचारिकता पूरी करने के लिए इस आश्रम में नेता और ब्यूरोक्रेटस समय-समय पर हाजरी भरते हैं।

सभी को समस्या का ईल्म है किंतु हल आज दिन तक नहीं हो पाया है। इन बुजुर्गों के स्थायी आवास के लिए कागजी औपचारिकताएं भी कई बार पूर्ण की जा चुकी हैं। लेकिन यह कार्य भी यहां पर रहने वाले बुजुर्गों की किस्मत की तरह है।

पुराने भवन मालिक ने जब इसे खाली करवाने की बात कही तो ट्रस्ट के सदस्यों ने नया आशियाना ढूंढने के लिए दिन रात एक कर दी।

कई संगठनों या भवन मालिकों के पास गिड़गिड़ाए लेकिन बात नहीं बनी। कहीं लोग इस परिवार को ही रखना नहीं चाहते तो कहीं किराया इतना था कि जिसे सहजता से अदा नहीं किया जा सकता। थक हार कर होटल नीलकंठ में बात बनी और यहां पर सुविधाएं बहुत बेहतर हैं। अपने नए घर में आकर सदस्य बहुत खुश हैं।

उल्लेखनीय है कि प्रदेश के दानी सज्जन इस परिवार की मदद करते हैं।
जबकि कई सदस्य भी जोड़े गए हैं जो हर महीने अपने सामथ्र्यनुसार दान देते हैं। इसी तरह यह परिवार अदृश्य दानी सज्जनों के सहयोग से चल रहा है।

Leave a Reply

error: Content is protected !!